Related Articles

2 Comments

  1. अश्वनी कुमार

    धन्यवाद डाकू सुल्ताना का चरित्र चित्रण देने के लिए

  2. अशोक थपल्याल

    श्रीमन सुल्ताना जी अमर हैं। उनको कोटि-कोटि प्रणाम। आपने उनके जीवन चरित्र से लेकर अंतिम समय तक का अत्यंत रोमांचक वर्णन किया। यह उस दौर के इतिहास, भूगोल, समाज और प्रशासन समेत कई रगों से लैस है। काफर ट्री की तमाम पोस्ट अदम्य साहसी, गरीबों के रहनुमा सुल्ताना की गाथा की तुलना में फीकी लगती हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

2019©Kafal Tree. All rights reserved.
Developed by Kafal Tree Foundation