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4 Comments

  1. Anonymous

    यह जो शंभू राणा नाम के जीव हैं, यह शर्तिया इस ग्रह के नहीं हैं, किसी और लोक से आए हैं। यानी, एलियन हैं। जाहिर है, अपनी क़लम भी वहीं से लाए होंगे क्योंकि यहां की क़लमें तो ऐसा अलौकिक लिखती नहीं। इनकी कलम की चुपचाप जांच की जाय ताकि इन्हें भनक भी न लगे। ये बातें इन्हें न बताई जाएं क्योंकि तब यह सतर्क हो जाएंगे।

  2. देवेन मेवाड़ी

    यह जो शंभू राणा नाम के जीव हैं, यह शर्तिया इस ग्रह के नहीं हैं, किसी और लोक से आए हैं। यानी, एलियन हैं। जाहिर है, अपनी क़लम भी वहीं से लाए होंगे क्योंकि यहां की क़लमें तो ऐसा अलौकिक लिखती नहीं। इनकी कलम की चुपचाप जांच की जाय ताकि इन्हें भनक भी न लगे। ये बातें इन्हें न बताई जाएं क्योंकि तब यह सतर्क हो जाएंगे।

  3. Anonymous

    “न जाने क्यों वहां एक मंदिर भी बन गया-‘–जैसे कोई कीमती चीज मिट्टी में मिल गई हो ।। शंभू राणा जी।।,?
    कथरस

  4. Dr मृगेश पांडे

    यूं ही कुछ कहते कहते ठोक देने का अद्भुत करतब दिखा देते हैं अपने शम्भू. लाजवाब बालूशाही जैसी परतें और इमरती सी वक्रता वाला करुणामय हास्य व्यंग तुम्हारी जै जै.

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